Hello, नमस्कार और सत श्री अकाल मित्रो आपका एक बार फिर स्वागत है YourLearnZone में । Topic से आप समझ ही गए होंगे हम किस बारे में बात करने वाले है जी हां.... श्रीमद्भगवद्गीता के बारे में । भगवद गीता हिन्दू धर्म का एक पवित्र ग्रंथ है !! इसमे वो बाते कही गयी है जो भगवान श्री कृष्णा ने महाभारत के युद्ध के समय धर्मसंकट में फंसे अर्जुन को कही थी जब उन्होंने कौरवो के समक्ष युद्ध करने से मना कर दिया
भगवान श्री कृष्णा द्वारा कहे गए वो कथन आज भी हर व्यक्ति के जीवन मे उतने ही महत्वपूर्ण है और सही मार्गदर्शन करने वाले है..! उम्मीद है आप इसे अंत तक पढ़ेंगे और मुझे पूर्व विश्वास है ये आपको समय व्यर्थ नही लगेगा..!
अगर आप भी जिंदगी के ऐसे मोड़ पे हो जहा आपको फैसला लेना नामुमकिन लगे तो आपकी हर एक परेशानी का हल आपको भगवद गीता में मिल सकता है लेकिन समय के अभाव में आप नही पढ़ पाते तो इस पोस्ट के माध्य्म से हम जानेंगे भगवद गीता में कही गयी उन बातों को जो आपके जीवन को नया रूप दे सकती है
Life Lessons From Bhagavad Gita
#1. परिवर्तन ही संसार का नियम है
भगवद्गीता में कहा गया है कि परिवर्तन ही संसार का नियम है। आप जिस भी वजह से निराश है या हताश है उसे भूलके आगे बढ़ने में ही समझदारी है क्योंकि ये निराशा नश्वर है ये अभी है और अगले पल में नही होगी। यहां कुछ भी स्थिर नही है ना ही सुख ना ही दुख यहां तक कि पृथ्वी भी स्थिर नही है यह घुमती रहती है दिन खत्म होने के बाद रात आती ही है । अतः आपको दुख में ना ज्यादा दुखी होना चाइये ना ही सुख में ज्यादा हर्षित होना चाइये । परिवर्तन ही संसार का नियम है, इसे स्वीकार करे ।
Bhagavad Gita quotes on life
जीवन न तो भविष्य में है न अतीत मैं ,जीवन तो बस इस पल मैं है
#2. सफलता केवल मनोस्थिति है हमेशा प्रयास करते रहिए
मनुष्य का जीवन हार और जीत , विजय और पराजय, सफलता और असफलता के मध्य घूमता रहता है । जब आप सफल होते है तो मन प्रसन्नता से आनन्द के उपवन में झूमने लगता है और जब आप असफल होते है तब मन दुख के सागर में डूबने लगता है लेकिन वास्तव में सफलता और असफलता है क्या ? अगर आप ध्यान से सोचेंगे तो पायेगें की ये केवल हमारी मनोस्थिति मात्र है हमारी पराजय तब नही होती जब हमारा शत्रु विजय प्राप्त करे अपितु हमारी पराजय तो तब होती है जब हम पराजय स्वीकार कर लेते है ।
हम असफल तब नही होते जब हम लक्ष्य प्राप्ति ना कर पाए अपितु हम असफल तो तब होंगे जब हम लक्ष्य के लिये मेहनत करना छोड़ देंगे । इसलिए प्रयास करते रहे हार कभी नही माने क्योंकि जिस दिन से आप हार स्वीकारना बन्द कर देंगे उस दिन से जीत आपके चरणो में होगी ।
#3. निस्वार्थ सेवा करे
आपने बरगद के बड़े से वृक्ष को जरूर देखा होगा लेकिन क्या आप ये जानते है की बरगद के उस बड़े से वृक्ष के बीज का आकार राई समक्ष या उससे भी छोटा होता है परन्तु बरगद का वृक्ष महाकाय वृक्ष में शामिल है ।
जब वह नया होता है तब वह इतना महाकाय नही होता लेकिन वह धीरे धीरे शाखाये बढ़ाता चला जाता है और यही शाखाये उस बड़े वृक्ष को सहारा देती है अर्थात बिना लोभ लालच, शुभ कार्य करे अन्य लोगो की सहायता करे धीरे धीरे आपने जिनकी सहायता की वो आपके सहायक बनते जाएंगे और आपकी जड़ो को मजबूती प्रदान करेगे।
#4. नकल ना करे
मनुष्य जीवन कि परीक्षा में सफल होने के लिए दौड़भाग करता है कठिन परिश्रम करता है और ये सब करने के बाद भी जब वह सफल नही हो पाता तो वह नकल करता है... अपने बचपन के विद्यालय की स्मृतियों का स्मरण करने पे आपको ज्ञात होगा आप ना सही लेकिन कोई न कोई ऐसा इंसान जरूर रहा होगा जो नकल के फलस्वरूप उत्तीर्ण हो जाता होगा। लेकिन जीवन की परीक्षा में नकल नही चलती .. यहां नकल करने वाला सफल नही होता कारण स्पष्ठ है कि विद्यलय में सबके प्रश्न पत्र एक होते थे परन्तु जीवन के प्रश्न पत्र और कठिनाई सबके हेतु में भिन्न भिन्न होती है तो उत्तर भी भिन्न भिन्न होना स्वभावीक है। इसलिए जीवन मे सफलता पाना चाहते है तो नकल ना कीजिये स्वयं के प्रश्नो का उत्तर स्वयं ढूंढिए और सफलता आपकी ही होगी ।
#5. कर्म करो फल की चिंता मत करो
आपने ये बहुत बार सुना होगा और ये हम सब के लिये बहुत ही महत्वपूर्ण है । इस संसार मे मनुष्य की मनोकामनाये कभी शांत नही होती जब वह सफल हो जाये तो उसे और सफल होना होता है लेकिन वो ये भूल जाते है कि जिंदगी एक यात्रा है, न कि मंजिल और जिंदगी में खुशी आपको अच्छी यात्रा करने से ही मिलेगी ना कि अच्छी मंजिल प्राप्त करने से । अतः मंजिल के पीछे ना भागो बस कर्म करते रहो मंजिल भी मिलेगी क्या पता जिस मंजिल की कामना की उससे अच्छी मंजिल मिल जाए।
Bhagavad Gita quotes on positive thinking
उससे मत डरो जो वास्तविक नहीं है, ना कभी था ना कभी होगा.जो वास्तविक है, वो हमेशा था और उसे कभी नष्ट नहीं किया जा सकता
#6. अपनो का साथ दे
वर्षो से यह सुनते आए है कि यदि आगे बढ़ना है तो अपनो का साथ दीजिये और ये सत्य भी है अपनो का साथ दो और देना भी चाइये किन्तु साथ देने से पूर्व ये अवश्य ज्ञात हो कि अपने है कौन? क्या अपने वही होते है जिनके साथ हमारा खून का रिश्ता होता है? या हमारे मित्र ? श्री कृष्ना के अनुसार अपने वो है जो हमे सही मार्ग दिखाए, जो हमें अच्छे कार्य के लिए प्रेरित करे, हमें आगे बढ़ाये ना कि वो जिनका साथ देने से समाज का विनाश हो धर्म की हानि हो वो सगे होके भी अपने नही होते । इसलिए अपनो का चुनाव सही तरीके से करे और उनका साथ दे।
#7. सकारात्मक सोच रखे
हमारे जीवन मे हमारी सोच ही हमारे जीवन को आकार देती है इसलिए हमें हमारी सोच को हमेशा सकारात्मक रखना चाइये। कठीनाई में भी उम्मीद की किरण मिलने का सोचिये क्योंकि जैसा हम सोचते है हमारी प्रतिक्रिया भी उस सोच का अनुसरण करती है । आप स्वयं के सबसे अच्छे मित्र है आपकी हर एक परेशानी का हल आप स्वंय ही है । आपको अपनी सोच को हमेशा सकारात्मक रखना चाइये जो आपको हर विपदा में निराश होने से बचाये रखेगी
Key Point :- Life or Temple Run ?
आपने Temple Run game कभी न कभी खेला ही होगा उसमे आप एक endless path पर दौड़ते रहते है और coins collect करते रहते है और हम जितना आगे जाते है हमारी speed उतनी ही बढ़ती जाती है game में हमे कुछ पता ही नही होता है कि हम कहा जा रहे और हमे कहा तक जाना है क्या आप इसे अपनी life से relate कर पा रहे है? So game कोई सा भी खेलो लेकिन game को खेलने का decision हमेशा हमारा होना चाइये ।
आशा करता हु आपको ये पोस्ट जरूर पसंद आई होगी और अगर आई है तो हमे comment करके जरूर बताइये और ऐसी हो पोस्ट update के लिए आप बने रहिये YourLearnZone के साथ






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